MP हाईकोर्ट ने धार भोजशाला को मंदिर करार दिया
Madhya Pradesh High Court ने भोजशाला मामले में अहम टिप्पणी करते हुए ASI की रिपोर्ट पर भरोसा जताया है।
हाईकोर्ट ने कहा कि भोजशाला और कमाल मौला मस्जिद का विवादित क्षेत्र 18 मार्च 1904 से 1958 के कानून के तहत संरक्षित स्मारक है। अदालत ने यह भी माना कि इस स्थल का धार्मिक स्वरूप भोजशाला और देवी वाग्देवी सरस्वती के मंदिर के रूप में स्थापित होता है।
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