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NALSAR मामले में BCI के रवैये पर सुप्रीम कोर्ट सख्त, छात्रों के विरोध के अधिकार पर जताई नाराजगी
देश 13 3 days ago

हैदराबाद की NALSAR यूनिवर्सिटी ऑफ लॉ से जुड़े मामले में बार काउंसिल ऑफ इंडिया (BCI) के रवैये पर सुप्रीम कोर्ट ने सख्त रुख अपनाया है। कोर्ट ने BCI के सर्कुलर पर नोटिस जारी कर जवाब मांगा है।

मामले की सुनवाई के दौरान CJI सूर्यकांत ने BCI के हस्तक्षेप पर कड़ी नाराजगी जताई। उन्होंने सवाल किया कि छात्रों के मामले में BCI को दखल देने की जरूरत क्यों पड़ी। CJI ने कहा कि यह उनके और छात्रों के बीच का मामला है और परिषद को छात्रों के विरोध के अधिकार में हस्तक्षेप नहीं करना चाहिए।

छात्रों के विरोध के अधिकार पर सुप्रीम कोर्ट का जोर

सुप्रीम कोर्ट ने स्पष्ट किया कि छात्रों को शांतिपूर्ण तरीके से अपनी बात रखने और विरोध करने का अधिकार है। कोर्ट ने NALSAR के छात्रों के खिलाफ BCI के चेयरपर्सन मनन कुमार मिश्रा की ओर से जारी निर्देशों पर भी सवाल उठाए।

सुनवाई के दौरान कोर्ट ने छात्रों के अधिकारों और उनकी आवाज उठाने की स्वतंत्रता को लेकर स्पष्ट रुख अपनाया। CJI सूर्यकांत ने NALSAR के छात्रों को Supreme Court Bar में आने का न्योता भी दिया।

BCI के सर्कुलर पर मांगा जवाब

सुप्रीम कोर्ट ने BCI के संबंधित सर्कुलर को लेकर नोटिस जारी किया है और परिषद से जवाब मांगा है। इस मामले की सुनवाई के दौरान कोर्ट की टिप्पणियों के बाद BCI के हस्तक्षेप को लेकर बहस तेज हो गई है।

मामला अब केवल NALSAR के छात्रों के विवाद तक सीमित नहीं रह गया है, बल्कि यह छात्रों के शांतिपूर्ण विरोध के अधिकार और पेशेवर नियामक संस्थाओं की भूमिका को लेकर भी महत्वपूर्ण सवाल खड़े कर रहा है।

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